अश्वगंधा

116

अश्वगंधा एक आयुर्वेदिक जड़ी बूटी है, जिससे जड़ी बूटियों का राजा कहा जाता है l अश्व याने घोड़ा l इसकी पत्तियां या जड़ों से घोड़े के मूत्र की गंध आती है, इसलिए इस जड़ी बूटी को अश्वगंधा कहा जाता है l

कुछ लोग इसे असगंध के नाम से भी जानते हैं l आयुर्वेद में इसे मेध्य रसायन भी कहा जाता है l मेध्य यानेकी मेधा, बुद्धि को बढ़ाने वाली याने की यह औषधि याददाश्त या एकाग्रता को बढ़ाने का काम करती है l

अश्वगंधा एक द्विबीजपत्रीय पौधा है l वर्षा ऋतु में इसकी खेती की जाती है l अश्वगंधा के पत्ते अंडाकार होते हैंl इसके फूल हरे पीले रंग के होते हैं l इसका फल बेरी जो कि मटर के समान दूध युक्त होता है l जो कि पकने पर लाल रंग का दिखता है l

अश्वगंधा का उपयोग करके अश्वगंधारिष्ट, अश्वगंधा चूर्ण, अश्वगंधाघृत, सुकुमारघृत, सौभाग्यशुंठिपाक,महारास्नादी योग जैसी औषधीया बनाई जाती है l

अश्वगंधा वात दोष और कफ दोष को कम करती है l यह शरीर में पित्त दोष को बढ़ाती है इसलिए जिन लोगों की पहले से पित्त प्रकृति है उन्हें इसका सेवन नहीं करना चाहिए l

अश्वगंधा के फायदे

अश्वगंधा कैल्शियम, आयरन, प्रोटीन, विटामिन सी उर्जा का बहुत अच्छा स्रोत है l साथ ही यह एंटी बैक्टीरियल, एंटीस्ट्रेस, एंटीऑक्सीडेंट,सूजनरोधी, गुणों से भरपूर होती है l पुरुष और महिलाओं के लिए यह एक बहुत ही अच्छी औषधि है l

अच्छी सेहत के लिए अच्छी नींद बहुत आवश्यक होती है l अगर आपको अच्छी नींद नहीं आती है तो आपको अश्वगंधा का सेवन जरूर करना चाहिए l अश्वगंधा में प्राकृतिक तरीके से नींद लाने के गुण मौजूद होते हैंl कई बार ज्यादा तनाव के कारण नींद नहीं आती है l

अश्वगंधा में मौजूद एंटीस्ट्रेस गुण कोर्टिसोल के स्तर को कम करते हैं l जिससे तनाव काफी हद तक कम होता है l तनाव कम होने के कारण अच्छी नींद भी आने लगती है l अच्छी नींद के लिए आप अश्वगंधा पाक का सेवन कर सकते है l

अश्वगंधा मस्तिष्क पर भी काम करती है l यह मस्तिष्क के कार्य में सुधार करती हैं ब्रेन फंक्शन सुधारती है l मस्तिष्क की कार्यक्षमता को सुधरती है lयाददाश्त को बढ़ाती है l

अश्वगंधा में एंटी एंजायटी गुण होते हैं l जो एंजाइटी की समस्या को कम करते हैंl साथ ही साथ यह डिप्रेशन को भी कम करती है l और शारीरिक, मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाती है l

अश्वगंधा में मौजूद anti-inflammatory गुण शरीर की सूजन को कम करने का काम करते हैं l संधिवात याने रूमेटाइड अर्थराइटिस की समस्या में जोड़ों में सूजन होती है l

और उन में तेज दर्द होने लगता है l अश्वगंधा जोड़ों की सूजन को कम करती है और दर्द में भी आराम देती है l साथ ही गठिया के दर्द को भी कम करती है l संधिवात एक ऑटोइम्यून बीमारी है l जिसके लिए इम्यूनोसपरेशन याने प्रतिरक्षा दमनकारी औषधियों का इस्तेमाल किया जाता है l जो की इम्युनिटी याने की प्रतिरक्षा को कम करने का काम करते हैं l अगर कोई व्यक्ति एलोपैथि की दवाइयों पर है तो उन्हें अश्वगंधा का सेवन नहीं करना चाहिए l अश्वगंधा में घाव को भरने के गुण मौजूद होते हैंl इसकी जड़ों को पानी के साथ पीसकर घाव पर लगाने से घाव जल्दी ठीक हो जाते हैं l

अश्वगंधा में एंटी हाइपरटेंसिव गुण मौजूद होते हैं जो हाइपरटेंशन की समस्या को कम करते हैं और ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करते हैं l

मधुमेह के मरीजों के लिए अश्वगंधा एक उपयोगी औषधि है यह शरीर में इंसुलिन के निर्माण को बढ़ाती है और शुगर लेवल को नियंत्रित रखती है l

अश्वगंधा थाइरोइड हार्मोन के स्तर में भी वृद्धि करती है l वजन कम करने के लिए अश्वगंधा का उपयोग किया जा सकता है, यह शरीर से खराब कोलेस्ट्रोल और ट्राइग्लिसराइड को कम करता है l

साथ ही यह चर्बी को भी कम करता है l लिपिड प्रोफाइल के स्तर को नियंत्रित रखने के लिए, मोटापे से बचने के लिए, हार्ट अटैक के खतरे को कम करने के लिए इसका उपयोग किया जाता है l

वजन कम करने के लिए एक चुटकी अश्वगंधा चूर्ण को एक गिलास गुनगुने पानी में मिलाकर हर रोज सुबह इसका सेवन करें l

अश्वगंधा मांसपेशियों को मजबूत बनाता है शरीर में मसल्स की ग्रोथ करने के लिए यह एक बहुत अच्छी औषधि है l यह शरीर में ताकत और एनर्जी बढ़ाने का काम करती है l

शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं का निर्माण कम होने के कारण हिमोग्लोबिन कम हो जाता है l हिमोग्लोबिन कम होने के कारण व्यक्ति एनीमिया का शिकार बनने लगता है l

अश्वगंधा का सेवन शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं के निर्माण को बढ़ाता है l जिससे एनीमिया का खतरा कम हो जाता है l

अश्वगंधा में एंटी कैंसर गुण मौजूद होते हैं जो शरीर में कैंसर सेल की वृद्धि और निर्माण को कम करता है l

आंखों के लिए अश्वगंधा एक बहुत उपयोगी औषधि है यह आंखों की रोशनी को बढ़ाती है l अश्वगंधा मुलेठी और आंवले को एक साथ मिलाकर खाने से आंखों की रोशनी में सुधार आने लगता है l

केराटोसिस याने श्रृंगीयता त्वचा से जुड़ी एक समस्या है इसमें त्वचा सख्त और रूखी हो जाती है l 3 ग्राम अश्वगंधा चूर्ण को एक गिलास गुनगुने पानी के साथ दिन में 2 बार लेने से केराटोसिस की समस्या कम हो जाती है l

अश्वगंधा में एंटी एजिंग गुण होते हैं जो बढ़ती उम्र के लक्षणों को कम करते हैं l इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट गुण चेहरे की झुर्रियां और काले धब्बों को भी कम करते हैं l

अश्वगंधा में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट और साइटोप्रोटेक्टिव गुण मोतियाबिंद रोग से लड़ते हैं l

अश्वगंधा एंटीऑक्सीडेंट गुणों का खजाना है l यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने का काम करती है और शरीर को स्वस्थ रखती है l

महिलाओं में सफेद पानी की समस्या को कम करने के लिए अश्वगंधा का उपयोग किया जाता है l

महिलाओं के साथ-साथ अश्वगंधा पुरुषों के लिए भी एक बहुत अच्छी है औषधि है l इसमें कामोद्दीपक गुण मौजूद होते हैंl जो योन शक्ति में सुधार करने का काम करते हैंl पुरुषों में शुक्राणुओं की संख्या को बढ़ाती है l

वीर्य की गुणवत्ता को सुधारती है l पुरुष प्रजनन अंगों को शक्तिशाली बनाती है और प्रजनन क्षमता में भी सुधार करती है l बांझपन यानपुंसकता की समस्या में भी इसका इस्तेमाल किया जाता है l

गिरते बालों की समस्या से छुटकारा पाने के लिए अश्वगंधा एक बहुत ही उपयोगी औषधि है l बालों को स्वस्थ रखती है और इसकी जड़ों को भी मजबूत बनाने का काम करती है l

अश्वगंधा के नुकसान

अगर आप पहले से ब्लड प्रेशर की दवाइयां ले रहे हैं तो ऐसे समय में अश्वगंधा का सेवन ना करें l इससे आपका ब्लड प्रेशर कम हो सकता है l 

अश्वगंधा ब्लड शुगर के स्तर को नियंत्रित करती है l अश्वगंधा का सेवन करने से ब्लड शुगर का स्तर कम हो जाता है l अगर कोई व्यक्ति पहले से ही मधुमेह की दवाइयां ले रहा है तो उन्हें अश्वगंधा का सेवन नहीं करना चाहिए l 

थायराइड की दवाओं के साथ भी अश्वगंधा का सेवन नहीं करना चाहिए l 

संधिवात की दवाइयां या रोग प्रतिरक्षादमनकारी औषधियों का सेवन करते समय अश्वगंधा का सेवन नहीं करना चाहिए | 

अश्वगंधा नींद के लिए उपयोगी औषधि है, लेकिन Benzodigipin जैसी नींद की दवाइयों का सेवन करते समय इसे नहीं लेना चाहिए l इससे नींद बहुत ज्यादा आ सकती है l 

गर्भवती महिलाओं को भी अश्वगंधा का सेवन नहीं करना चाहिए l इससे बच्चे को खतरा हो सकता है l

अश्वगंधा को योग्य मात्रा में ही सेवन करें इसका ज्यादा सेवन करने से मछली दस्त पेट खराब होना जैसी समस्याएं हो सकती है l

अश्वगंधा शतावरी के फायदे

अश्वगंधा और शतावरी आयुर्वेद की बहुत अच्छी औषधि है इन दोनों को एक साथ लेने से काफी फायदे होते हैं l 

अगर कोई व्यक्ति बहुत दुबला पतला है अपना वजन बढ़ाना चाहता है l तो उन्हें हर रोज अश्वगंधा शतावरी का सेवन जरूर करना चाहिए l 

इसके लिए एक एक चम्मच चूर्ण को एक गिलास गर्म गाय के दूध में मिलाकर हर रोज रात को सोते समय इसका सेवन करें l कुछ दिनों तक इसे लगातार लेने से आपको फर्क दिखने लगेगा l 

स्वाद के लिए आप इसमें शुगर भी मिला सकते हैं l दिमाग को शांत रखने के लिए, अच्छी नींद के लिए अश्वगंधा शतावर का चूर्ण बहुत उपयोगी है l 

रात को सोते समय दूध के साथ इन दोनों का सेवन करने से आपको बहुत अच्छी नींद आएगी l अच्छी नींद लेने के कारण आप दिनभर भी फ्रेश महसूस कर सकेंगे और आपका तनाव भी काफी हद तक कम हो जाएगा l 

पुरुषों के लिए तो अश्वगंधा और शतावरी किसी वरदान से कम नहीं है l जो पुरुष बहुत कमजोर है शारीरिक शक्ति में वृद्धि करना चाहते हैं, कोई भी काम करने पर बहुत जल्दी थक जाते हैं उन्हें अश्वगंधा का सेवन जरूर करना चाहिए l 

इसके लिए आप अश्वगंधा चूर्ण को उबले हुए दूध में मिलाकर दिन में दो बार या एक बार इसका सेवन कर सकते हैं l इसके सेवन से पुरुषों की कामेच्छा बढ़ने लगती है l यह औषधियां पुरुष प्रजनन अंगों को स्वस्थ रखती है l पुरुष नपुंसकता का इलाज करने के लिए भी इसका इस्तेमाल किया जाता है l यह वीर्य की मात्रा को बढ़ाती है l शुक्राणुओं की संख्या को बढ़ाती है l शुक्राणुओं को मजबूत बनाती है l जिससे गर्भधारणा में सहायता होती है l 

अश्वगंधा और शतावरी का इस्तेमाल नर्वस सेल को मजबूत बनाता है l यह दिमाग को तेज बनाता है दिमाग की शक्ति को बढ़ाता है l एकाग्रता को बढ़ाने का काम करता है l 

बालों को स्वस्थ और मजबूत बनाने के लिए भी आप नियमित रूप से अश्वगंधा शतावर का सेवन कर सकते हैं l इसके लिए आप इसे नाश्ते से पहले या नाश्ते के बाद दूध में मिलाकर ले सकते हैं l बालों का झड़ना कम हो जाता है और बाल बहुत ही खूबसूरत और मजबूत बनने लगते हैं l 

अश्वगंधा और शिलाजीत

आयुर्वेद में कई ऐसी चीजें हैं जिन्हें आप अश्वगंधा के साथ ले सकते हैं l उन्हीं में से एक चीज है शिलाजीत l 

शिलाजीत को हिमालय के पहाड़ों से प्राप्त किया जाता है l इसमें एंटी ऑक्सीडेंट, दर्द निवारक, एंटी फंगल, एंटी एलर्जी, anti-diabetic गुण मौजूद होते हैं l 

शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए आप अश्वगंधा और शिलाजीत का उपयोग कर सकते हैं l इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट गुण शरीर को स्वस्थ रखते हैं l और आपको कई बीमारियों से बचाने का काम करते हैं l 

मांस पेशियों को मजबूत बनाने के लिए अश्वगंधा और शिलाजीत एक बहुत अच्छी औषधि है l इन दोनों का सेवन करने से शरीर में मसल्स ग्रोथ होने लगती है और मांसपेशियां भी मजबूत बढ़ने लगती है l 

अगर आप मसल्स को बढ़ाने के लिए जिम में चाहते हैं, हेवी वर्कआउट करते हैं तो अपनी डाइट में अश्वगंधा और शिलाजीत को जरूर शामिल करें l इसका नियमित सेवन करने से आपकी शारीरिक शक्ति भी बढ़ने लगेगी l आपको उर्जा भी मिलेगी l 

आपके मसल्स ग्रोथ होंगे और आपका स्टैमिना भी बढ़ने लगेगा l 

अश्वगंधा शतावर की तरह अश्वगंधा शिलाजीत भी पुरुषों के लिए बहुत अच्छी औषधि है, इसके नियमित इस्तेमाल से पुरुष प्रजनन अंगों को शक्ति मिलती है l पुरुषों की काम शक्ति बढ़ने लगती है l 

पतले वीर्य कि या वीर्य ना ना बनने की समस्या में भी आप इसका सेवन कर सकते हैं l इसके नियमित सेवन से वीर्य की मात्रा और गुणवत्ता में भी सुधार आता है l अगर कोई पुरुष नपुंसकता की समस्या से गुजर रहा है तो उन्हें इसका सेवन जरूर करना चाहिए l 

दिमाग को स्वस्थ रखने के लिए, दिमाग की शक्ति को बढ़ाने के लिए भी आप इन दोनों का सेवन कर सकते हैं l शिलाजीत में न्यूरोप्रोटेक्टिव गुण मौजूद होते हैं और अश्वगंधा में एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं यह दोनों मिलकर दिमाग करके कार्य को संतुलित करते हैं l 

तनाव को कम करते हैं और आपका मानसिक स्वास्थ्य भी संतुलित करते हैं l अगर आपको बहुत ज्यादा थकान आती है किसी काम को करने की इच्छा नहीं होती है l 

आपका शरीर बहुत कमजोर है तो ऐसे समय में आप अश्वगंधा शिलाजीत का सेवन कर सकते हैं l इससे आपकी शारीरिक थकान कम हो जाएगी और आप ऊर्जावान महसूस करने लगेंगे l 

इससे आपका शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य बेहतर रहेगा l आपकी थकावट दूर हो जाएगी और आप अपना काम भी अच्छे से करने लगेंगे l 

अश्वगंधा शतावर का सेवन करना बहुत आसान है एक-एक चम्मच अश्वगंधा शतावर चूर्ण को एक गिलास गुनगुने दूध में मिलाकर दिन भर में एक बार या रात को सोते समय इसका सेवन करें l 

अश्वगंधा और सफेद मुसली

अश्वगंधा और सफेद मुसली को एक साथ खाने से शारीरिक ऊर्जा बढ़ने लगती है l

तनाव की समस्या को कम करने के लिए आलस्य की समस्या को कम करने के लिए आप इसका सेवन कर सकते हैं l 

अश्वगंधा और सफेद मुसली स्पर्म की गुणवत्ता को सुधारने का काम करते हैंl कम शुक्राणुओं की समस्या में वीर्य का पतलापन दूर करने के लिए आप इन दोनों को एक साथ ले सकते हैं l 

एक गिलास गुनगुने दूध में एक चम्मच अश्वगंधा और एक चम्मच सफेद मूसली की पाउडर मिलाकर आप दिन भर में 2 बार इसका सेवन कर सकते हैं l 

अश्वगंधा और सफेद मूसली का सेवन करने से कमजोर शरीर भी मजबूत बनने लगता है

पतंजलि दिव्य अश्वगंधा चूर्ण

मुख्य घटक- अश्वगंधा.

पतंजलि दिव्य अश्वगंधा शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट गुणों के साथ आता है l

पतंजलि दिव्य अश्वगंधा चूर्ण फायदे

यह चूर्ण प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाता है l 

यह आपके दिमाग को ठंडा करता है l 

पतंजलि अश्वगंधा चूर्ण को प्राकृतिक तत्वों की सहायता से बनाया गया है l 

मात्रा

एक चम्मच चूर्ण को आप एक गिलास पानी या दूध के साथ ले सकते हैं l 

डाबर अश्वगंधा चूर्ण

डाबर अश्वगंधा चूर्ण एक इम्यूनिटी बूस्टर है l 

यह एक आयुर्वेद आधारित हर्बल पाउडर है जो शरीर में प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाती है l 

उर्जा और सहन शक्ति को बढ़ाती है l 

यह औषधि तनाव को कम करती है l

शारीरिक कमजोरी को दूर करती है l

डाबर अश्वगंधा आप को बुढापे में होने वाली दुर्बलता से बचाता है l

यह शरीर को ताकत देता है l

यह औषधि आपके स्टैमिना को बेहतर बनाती है l

मात्रा

आधा चम्मच चूर्ण दूध में मिलाकर दिन में दो बार ले सकते हैं l 

डाबर अश्वगंधा कैप्सूल

डाबर अश्वगंधा कैप्सूल एक महान प्रतिरक्षा बूस्टर है जो एंटीऑक्सीडेंट गुणों के कारण प्रतिरक्षा में सुधार करता है l डाबर अश्वगंधा के कई सारे लाभ है l 

यह सूजन को कम करती है l

गठिया,संधिशोथ को कम करती है l

मधुमेह, उच्च रक्तचाप, अस्थमा के मरीजों के लिए यह फायदेमंद है l 

यह औषधि त्वचा की और बालों की देखभाल करती है l उन्हें स्वस्थ रखती है l

डाबर अश्वगंधा औषधि लाल रक्त कोशिका और सफेद रक्त कोशिकाओं को बढ़ाती है l

मांसपेशियों की ताकत में सुधार करती है l 

अश्वगंधा में हाइपोलिपिडेमिक गुण होते हैं जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करते हैं l 

वसा की मात्रा में सुधार करते हैं l 

डाबर अश्वगंधा में तनाव विरोधी गुण होते हैं जो चिंता को कम करते हैं और एक शांतिपूर्वक में देते हैं l

 मात्रा

एक एक गोली सुबह-शाम एक गिलास गुनगुने पानी के साथ ले सकते हैं l 

FREE E-Book: Manage Your Weight FREE E-Book: Manage Your Weight

Leave A Reply

Your email address will not be published.