हल्दी के फायदे

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हल्दी का पीला रंग सब को अपनी तरफ आकर्षित करता है। हल्दी के फायदे बहुत सारे है । हल्दी एक आयुर्वेदिक जड़ी बूटी है, जो रसोईघर की रानी है ।

ज्यादातर तीखे या नमकीन खाद्य पदार्थों को बनाने के लिए हल्दी का उपयोग किया जाता है । हल्दी कड़वी है इसकी तासीर गर्म है फिर भी सेहत के लिए यह बहुत अच्छी है |

कई सालों से हल्दी रसोई घर में राज करके खाने का स्वाद बढ़ा रही है। हल्दी को आप डॉक्टर भी कह सकते हैं बस एक चुटकी हल्दी आपके चोट को बिना दर्द के ठीक कर देती है।

हल्दी की खेती।

हल्दी की खेती करके किसान लाखों की कमाई कर सकते हैं भारत हल्दी का उत्पादन करने वाला सबसे बड़ा देश है।

भारत के आंध्र प्रदेश राज्य में हल्दी की सबसे ज्यादा खेती की जाती है। इसके अलावा तमिलनाडु, महाराष्ट्र, केरल, उड़ीसा, कर्नाटक, गुजरात, मेघालय, पश्चिम बंगाल, आसाम इन राज्यों में भी हल्दी की बड़ी मात्रा में खेती की जाती है।

हल्दी का उत्पादन सभी प्रकार की मिट्टी में किया जा सकता है इसके रोपण का योग्य समय अप्रैल या मई होता है | हल्दी की फसल 7 से 10 महीने में आ जाती है।

हल्दी के औषधीय गुण।

पोषक तत्व।

हल्दी में करक्यूमिन पाया जाता है। इससे एलिओरोजिन भी निकाला जाता है हल्दी में सबसे अधिक मात्रा में स्टार्च होता है। इसके अलावा इसमें प्रोटीन कार्बोहाइड्रेट, फैट, फाइबर जैसे कई पोषक तत्व पाए जाते हैं।

साथ ही हल्दी आयरन मैग्नीशियम विटामिन बी 6 विटामिन C का बहुत ही अच्छा स्त्रोत है। हल्दी एंटी ऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होती है। इसके अलावा हल्दी में एंटीबायोटिक, एंटीपायरेटिक, एंटीसेप्टिक, anti-inflammatory, एंटी फंगल जैसे गुण मौजूद होते हैं।

इम्युनिटी पावर में सुधार।

कमजोर इम्यूनिटी पावर कई तरह की बीमारियों को आमंत्रित करती है। हल्दी में मौजूद विटामिन C और anti-inflammatory गुण आप की इम्युनिटी पावर को बढ़ाने का काम करते हैं।

हल्दी का नियमित सेवन करके हम कई तरह की बीमारियों से बच सकते हैं | वातावरण में टीबी का जंतु कहीं पर भी हो सकता है, जो कमजोर इम्यूनिटी पावर के लोगों पर सबसे पहले अटैक करता है और उन्हें अपना शिकार बना लेता है।

टीबी की समस्या से बचने के लिए, शरीर को कई तरह के इंफेक्शन से बचाने के लिए हर रोज एक गिलास गर्म पानी में आधा चम्मच हल्दी मिलाकर इसका सेवन करें।

कैंसर

दोस्तों, आज के समय में कैंसर एक सबसे बड़ी और जानलेवा बीमारी है । आज इस प्रगत वैज्ञानिक युग में कोई भी ऐसी दवा नहीं है, जो आपको कैंसर से बचा सकती है | या फिर कैंसर को जड़ से नष्ट कर सकती है | लेकिन आयुर्वेद के पास इसका समाधान है।

हल्दी के फायदे में एंटी कैंसर गुण पाए जाते हैं । जो आपको कैंसर की समस्या से बचा सकते हैं | एंटी ऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर हल्दी में कैंसर को भी ठीक करने की क्षमता है। कैंसर के मरीज को नियमित रूप से हल्दी युक्त दूध देने से कैंसर से की ग्रोथ रुक जाती है । कैंसर युक्त ट्यूमर का आकार छोटा हो जाता है ।

हर रोज सुबह शाम एक चम्मच हल्दी मिलाकर दूध का सेवन करें और कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से बचे | हल्दी वाला दूध आपको सभी तरह के कैंसर से बचाएगा और आपको एक स्वस्थ जिंदगी देगा।

एनीमिया (Anemia)

शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी से एनीमिया की समस्या निर्माण हो जाती है। कभी ब्लीडिंग डिसीज के कारण भी लोग एनीमिया का शिकार बन जाते हैं ।

हल्दी आयरन का बहुत ही अच्छा स्त्रोत है जो शरीर में हीमोग्लोबिन याने की खून को बढ़ाता है।

हल्दी के फायदे में मौजूद विटामिन सी लोहे के अवशोषण में मदद करता है। इसीलिए एनीमिया की समस्या से बचने के लिए किसी ना किसी रूप में हल्दी का सेवन जरूर करें।

आर्थराइटिस (Arthritis)

आर्थराइटिस की समस्या में जोड़ों में दर्द और सूजन आ जाती है, जिसके कारण लोगों के दैनिक जीवन में कई तरह की समस्याएं आती है।

एलोपैथी में गठिया के लिए पेन किलर्स और स्टेरॉइड्स देते हैं | जिनके कई सारे दुष्परिणाम हमारे शरीर पर होते हैं। हल्दी में मौजूद anti-inflammatory गुण सूजन और दर्द से राहत देने का काम करते हैं । इसके अलावा हल्दी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट फ्री रेडिकल्स को नष्ट कर देते, हैं जो शरीर के लिए हानिकारक होते हैं।

ओस्टियोआर्थराइटिस, रूमेटाइड अर्थराइटिस की समस्या में हल्दी का सेवन करके आप दर्द से मुक्ति पा सकते हैं।

मधुमेह

मधुमेह यानी कि डायबिटीज एक ऐसी बीमारी है जो लोगों की आयु को धीरे धीरे कम कर देती है । मधुमेह की बीमारी शरीर के एक-एक अवयव को खराब करके आपको कमजोर बनाती है। इस खतरनाक बीमारी से बचने के लिए नियमित रूप से हल्दी का सेवन करें |

इसके लिए एक-एक चम्मच हल्दी और आंवला चूर्ण को शहद के साथ मिलाकर हर रोज खाली पेट इसका सेवन करें | मधुमेह के रोगी भी इसका सेवन कर सकते हैं। इससे उनके शरीर में ग्लूकोज स्तर नियंत्रित रहेगा।

अल्जाइमर

अल्जाइमर मस्तिष्क से जुड़ी एक बीमारी है जिससे व्यक्ति सभी चीजों को भूलने लगता है। हल्दी मस्तिष्क के लिए बहुत ही फायदेमंद है। हल्दी में मौजूद करक्यूमिन और टेरर मस्तिष्क कोशिकाओं के नुकसान होने से बचाते हैं।

हल्दी के सेवन से मस्तिष्क को भरपूर मात्रा में ऑक्सीजन मिलता है, जो अल्जाइमर के बढ़ते ही गति को धीमा कर देता है। मस्तिष्क को स्वस्थ रखने के लिए अपनी याददाश्त को मजबूत रखने के लिए नियमित रूप से हल्दी का सेवन करें।

फेफड़ो संबंधी रोग (Respiratory Disease)

सांस नली से संबंधित बीमारियों के लिए हल्दी बहुत ही लाभकारी है। जिन लोगों को बार-बार गले में इंफेक्शन होता है, उन्हें हल्दी के सेवन से बहुत ही लाभ होता है। टॉन्सिल की सूजन, टॉन्सिल के दर्द को दूर करने के लिए भी आप हल्दी का उपयोग कर सकते हैं।

एलर्जी, राइनाइटिस, साइनोसाइटिस, जुकाम, खांसी की समस्या में हल्दी का उपयोग जरूर करें। इससे आपको जरूर फायदा होगा |

इसके लिए आप आधा चम्मच हल्दी चूर्ण को गले में डाले और ऊपर से एक गिलास गर्म पानी पिए | एलर्जी की समस्या, लंग इन्फेक्शन की समस्या से बचने के लिए हर रोज सुबह गुड़ और हल्दी का सेवन करें।

पीलिया के कारण लीवर के कार्य में बिगाड़ आ जाता है। हल्दी के सेवन से लीवर डिटॉक्सिफाई हो जाता है। लीवर की शुद्धि करने के लिए शरीर की गंदगी को बाहर निकालने के लिए हल्दी बहुत ही उपयोगी है।

मासिक धर्म में दर्द से राहत

मासिक धर्म के दौरान कुछ महिलाओं को पेट दर्द की शिकायत होती है। हल्दी में मौजूद एंटी इंफ्लामेटरी गुण पेट दर्द से राहत देने की काम करते हैं। इसके लिए दिन में एक बार हल्दी वाला दूध जरूर पिए।

वजन कम करने के लिए

मोटापे की समस्या से आजकल कई लोग ग्रस्त है । मोटापे के कारण शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल बढ़ने लगता है | जिसके कारण मोटे व्यक्ति कई बीमारियों का शिकार बन जाते हैं ।

वजन कम करने के लिए खानपान का विशेष ध्यान देना पड़ता है | साथ में एक्सरसाइज भी करनी पड़ती है। हल्दी वजन कम करने के लिए बहुत ही असरदार है। हल्दी पाचन प्रक्रिया को बेहतर बनाती है और फैट को बनाने से रोकती है। इसके अलावा हल्दी कोलेस्ट्रोल के स्तर को भी नियंत्रित करती है।

एंटी इंफ्लामेटरी

हल्दी में मौजूद एंटी इंफ्लामेटरी गुण शरीर की सूजन को ठीक करने का काम करते हैं | हड्डियों से जुड़ी बीमारियों में जॉइंट पेन और सूजन आने लगती है। दर्द की समस्या होती है।
हल्दी में मौजूद एंटी इंफ्लामेटरी गुण सूजन और दर्द से राहत देने का काम करते हैं। चोट लगने पर हल्दी में नारियल तेल मिलाकर इसे गर्म करके शरीर पर लगाएं।

एंटी बैक्टीरियल

हल्दी में एंटी बैक्टीरियल गुण मौजूद होते हैं | यह शरीर को सभी तरह के इंफेक्शन से बचाने का काम करते हैं। नियमित रूप से हल्दी वाले दूध का सेवन करने से फेफड़ों के इन्फेक्शन, जुकाम, लीवर की समस्या से बच सकते हैं।

घाव को ठीक करना

हल्दी में मौजूद एंटीसेप्टिक, एंटीबायोटिक गुण शरीर पर मौजूद घाव को जल्दी से ठीक करते हैं । इसके अलावा हल्दी में कृमिहन गुण होते हैं जो जख्मों को खराब नहीं होने देते और उसे जल्दी से ठीक कर देते हैं।

खून को बहने से रोके

शरीर पे कहीं पर भी चोट लगती है या फिर कुछ कट जाता है, तो उस पर तुरंत हल्दी लगाओ | हल्दी खून को बहने से रोकती है और जख्म को भी ठीक करने में मदद करती है।

त्वचा के लिए हल्दी के फायदे

त्वचा विकार

त्वचा विकारों में हल्दी बहुत ही लाभकारी है। हल्दी में कडुहन, कृमिहन, एंटी फंगल गुण मौजूद होते हैं, जो त्वचा विकारों को ठीक करने का काम करते हैं।

त्वचा पर होने वाले लाल-लाल चकते या रिंग वर्म की समस्या में हल्दी बहुत ही असरदार है। कुष्ठ रोग, सोरायसिस की समस्या में भी हल्दी फायदेमंद है।

हल्दी में मौजूद कडुहन गुण त्वचा पर होने वाली खुजली को ठीक करते हैं। इसके अलावा इसमें मौजूद एंटीबायोटिक, एंटी फंगल गुण संक्रमण के खिलाफ लड़ते हैं और त्वचा विकारों को ठीक करते हैं।

मुहांसो के लिए हल्दी के फायदे

कई लड़के लड़कियों में कील मुहासे की समस्याएं होती है । कुछ लोगों के पूरे चेहरे, गर्दन पर मुंहासे आते हैं जिसके कारण वह बहुत ही परेशान हो जाते हैं ।

हल्दी का उपयोग करके आप मुहांसों से छुटकारा पा सकते हैं। हल्दी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट, एंटीबायोटिक गुण मुहांसों को ठीक कर देते हैं।

इसमें मौजूद एंटी इन्फ्लेमेटरी गुण मुहांसों के कारण होने वाले दर्द और सूजन को ठीक करने का काम करते हैं। इसके लिए चने के आटे में एक चम्मच हल्दी मिलाकर इसमें दूध और शहद मिलाएं और इसका अच्छी तरह से मिश्रण तैयार करें और इसे चेहरे पर लगाएं। फिर सूखने के बाद चेहरे को गुनगुने पानी से साफ करें इस उपाय को हर रोज करने से चेहरे के कील मुहासे गायब हो जाएंगे।

स्ट्रेचमार्क्स

कई महिलाओं के शरीर पर खासकर जांघ और पेट पर स्ट्रेचमार्क्स होते हैं। डिलीवरी के दौरान ये स्ट्रेच मार्क्स और भी बढ़ जाते हैं।

स्ट्रेच मार्क के कारण दर्द या कुछ तकलीफ नहीं होती लेकिन यह महिलाओं की सुंदरता में बाधा डालते हैं। जिसके कारण महिला स्ट्रेचमार्क्स को हटाने के लिए ढेर सारा पैसा खर्च कर देती है।

लेकिन अब महिलाओं को ज्यादा पैसे खर्च करने की जरूरत नहीं है। हल्दी आपके स्ट्रेचमार्क्स को आसानी से कम कर सकती है।

इसके लिए हल्दी को नारियल तेल में मिलाकर इस मिश्रण को हर रोज स्ट्रेचमार्क्स पर लगाए कुछ ही दिनों में आपके स्ट्रेच मार्क दूर हो जाएंगे।

सनबर्न

तेज धूप के कारण सनबर्न या सनस्ट्रोक की समस्या निर्माण हो जाती है जिसके कारण त्वचा खराब होती है। इससे बचने के लिए अपनी त्वचा पर नियमित रूप से हल्दी लगाई।

फटी एडिया

फटी एड़ियों के कारण कभी-कभी दर्द की समस्या होने लगती है। कभी-कभी एड़ियों से खून भी आने लगता है इस समस्या में हल्दी बहुत ही गुणकारी है।

इसके लिए रात को सोते समय अपने पैरों को गुनगुने पानी से अच्छी तरह से साफ करें। फिर दो-तीन चम्मच हल्दी को नारियल के तेल में मिलाकर इसे हल्का गर्म करके एड़ियों पर लगाएं। इस उपाय को कुछ दिनों तक करने से आपकी एडिया मुलायम बन जाएगी।

पिगमेंटेशन

त्वचा पर होने वाले डार्क स्पॉट को कम करने के लिए हल्दी बहुत ही लाभकारी है। इसके लिए नींबू को काटकर उस पर हल्दी लगाई और इसे त्वचा पर रख दें।

इससे डार्क स्पॉट कम हो जाएंगे या फिर आप हल्दी को शहद के साथ मिलाकर इसे त्वचा पर लगा सकते हैं। इस उपाय को हर रोज करने से डार्क स्पॉट, काले घेरे कम हो जाते हैं और त्वचा में निखार आता है।

सुंदरता के लिए

त्वचा को सुंदर और गोरा बनाने के लिए हल्दी बहुत ही असरदार है । हर रोज नहाने के लिए चने का आटा जवारे का आटा हल्दी और दूध का मिश्रण तैयार करके साबुन के अलावा इस मिश्रण से नहाईए |

इससे त्वचा पर जमा गंदगी निकल जाती है और त्वचा गोरी बनने लगती है या फिर आप सर्दी के दिनों में दही में हल्दी मिलाकर इस से नहा सकते हैं | दही और हल्दी को त्वचा पर लगाने से त्वचा का रूखापन कम हो जाता है।
त्वचा बहुत ही मुलायम और खूबसूरत बन जाती है।

गोरा बनने के लिए आप मुल्तानी मिट्टी, चंदन पाउडर, हल्दी को दूध और गुलाब जल में मिलाकर इसका पेस्ट तैयार करें और हर रोज इसे चेहरे पर लगाएं | इससे आपकी त्वचा का रंग निखरने लगेगा और आप गोरा बनने लगेंगे। और आप हल्दी के फायदे मानने लगोगे ।

Use of Turmeric and Milk Mixture For Healthy Life

शादी में हल्दी का इस्तेमाल

भारतीय संस्कृति में शादी बड़े रीति-रिवाज के साथ की जाती है शादी से पहले दूल्हा दुल्हन को हल्दी लगाने की परंपरा कई सालों से चली आ रही है। हल्दी कई औषधीय गुणों का खजाना है।

साथ ही यह सुंदरता का वरदान भी है शादी में दूल्हा दुल्हन सबसे ज्यादा खूबसूरत दिखें ऐसी सब की इच्छा होती है। हल्दी लगाने से त्वचा से सारी गंदगी बाहर निकल जाती है।

हल्दी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट त्वचा का रंग निखारने में मदद करते हैं। जिसके कारण त्वचा बहुत ही खूबसूरत दिखने लगती है। यही कारण है कि शादी से पहले दूल्हा दुल्हन को हल्दी लगाई जाती है। ये थे हल्दी के फायदे

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